RAJGARH

पुलिस द्वारा चलाए जा रहे “ऑपरेशन मनी बैक” अभियान के अंतर्गत साइबर धोखाधड़ी के दो अलग-अलग मामलों में त्वरित एवं तकनीकी कार्यवाही करते हुए कुल ₹7.23 लाख की राशि पीड़ितों को वापस कराई गई

 

राजगढ़, जिला पुलिस द्वारा चलाए जा रहे “ऑपरेशन मनी बैक” अभियान के अंतर्गत साइबर धोखाधड़ी के दो अलग-अलग मामलों में त्वरित एवं तकनीकी कार्यवाही करते हुए कुल ₹7.23 लाख की राशि पीड़ितों को वापस कराई गई है। यह कार्यवाही पुलिस अधीक्षक अमित तोलानी के निर्देशन में जिला साइबर सेल द्वारा की गई।

फर्जी स्टॉक मार्केट निवेश के नाम पर ठगी

पहले प्रकरण में फरियादी रामप्रसाद दांगी, निवासी ग्राम हालाहेड़ी, तहसील खिलचीपुर, ने 18 दिसंबर 2025 को शिकायत दर्ज कराई थी कि अज्ञात आरोपियों ने फेसबुक और व्हाट्सएप के माध्यम से फर्जी निवेश प्लेटफॉर्म का झांसा देकर अधिक लाभ का प्रलोभन दिया। आरोपियों ने विभिन्न बैंक खातों में राशि जमा करवाई और बाद में निकासी के नाम पर अतिरिक्त रकम की मांग की।

इस संबंध में थाना खिलचीपुर में अपराध क्रमांक 461/2025 के तहत भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं एवं आईटी एक्ट के अंतर्गत प्रकरण दर्ज किया गया।

सायबर सेल द्वारा तकनीकी विश्लेषण और बैंक समन्वय के माध्यम से संदिग्ध खातों की पहचान की गई। माननीय न्यायालय के आदेश उपरांत एक खाते से ₹6,92,607.60 की राशि डि-फ्रीज कराकर फरियादी को वापस दिलाई गई।

टेलीग्राम ट्रेडिंग फ्रॉड का मामला

दूसरे मामले में फरियादी आयुष मेवाड़े ने राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई कि टेलीग्राम के माध्यम से ट्रेडिंग के नाम पर धोखाधड़ी की गई।

सायबर सेल ने त्वरित कार्रवाई करते हुए संबंधित खातों में ₹30,754.85 की राशि होल्ड कराई। न्यायालयीन आदेश के बाद यह राशि भी फरियादी को वापस कर दी गई।

Related Articles

Back to top button