राजगढ़ के मनकामेश्वर मंदिर में शिव महापुराण कथा का समापन आज, उमड़ी श्रद्धालुओं की भारी भीड़

राजगढ़ स्थानीय मनकामेश्वर मंदिर परिसर में आयोजित भव्य सात दिवसीय श्री शिव महापुराण कथा का आज, 19 जून को श्रद्धा और उल्लास के साथ समापन हो रहा है। 13 जून से शुरू हुई इस संगीतमय कथा में प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु शिव महिमा का रसपान करने पहुंच रहे थे। समापन के विशेष अवसर पर मंदिर समिति द्वारा पूर्णाहुति यज्ञ और एक विशाल भंडारे (महाप्रसाद) का भव्य आयोजन किया गया है, जिसमें क्षेत्र के हजारों श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है।इस सात दिवसीय धार्मिक अनुष्ठान में प्रख्यात कथा वाचक पंडित श्री आनंद कृष्ण जी महराज जी के मुखारविंद से शिव महापुराण की अमृत वर्षा की जा रही है। पंडित जी पिछले लगभग 25 वर्षों से निरंतर देश के कोने-कोने में सनातन धर्म और शिव कथा का प्रचार-प्रसार कर रहे हैं। उनके सुनने के लिए पंडाल में हर दिन भक्तों का सैलाब उमड़ रहा है, जिससे पूरा राजगढ़ क्षेत्र शिवमय हो गया है।कथा वाचक पंडित श्री आनंद कृष्ण जी महराज की यह विशेषता है कि वे अपने व्यस्त कार्यक्रम के बीच भी वर्ष में एक बार किसी प्रमुख तीर्थ स्थान पर विशेष कथा का आयोजन अवश्य करते हैं। तीर्थ स्थलों पर होने वाली इस वार्षिक कथा में भी उनके साथ बड़ी संख्या में श्रद्धालु जुड़ते हैं। उनके लगभग 25 साल के लंबे आध्यात्मिक अनुभव और ज्ञान का लाभ उठाने के लिए मनकामेश्वर मंदिर में चल रही इस कथा के दौरान भी दूर-दराज के क्षेत्रों से लोग राजगढ़ पहुंचे।आज कथा के अंतिम दिन, व्यास पीठ के पूजन और महाआरती के साथ कथा को विश्राम दिया जाएगा। इसके उपरांत, महाप्रसाद (भंडारा) की शुरुआत होगी जो देर शाम तक चलेगी। मंदिर समिति और स्थानीय स्वयंसेवकों ने भंडारे और दर्शन व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं, ताकि मंदिर आने वाले किसी भी श्रद्धालु को असुविधा का सामना न करना पड़े।



