यात्री प्रतीक्षालय बना अतिक्रमण का अड्डा, अव्यवस्थित पार्किंग के कारण भी परेशानियों का सामना करना पड़ता है

राजगढ़। नगर के खिलचीपुर चौराहे के समीप बना यात्री प्रतीक्षालय इन दिनों अपनी मूल पहचान खोता जा रहा है। यात्रियों की सुविधा के लिए निर्मित यह स्थान अब अतिक्रमण और अव्यवस्थित पार्किंग की चपेट में है। हालात यह हैं कि जहां मुसाफिरों को बैठकर वाहन की प्रतीक्षा करनी चाहिए, वहां ठेले-खोमचे, पान दुकानों और अस्थायी व्यवसायों ने डेरा जमा लिया है।
दूरदराज से आने-जाने वाले यात्रियों, महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों के लिए यह प्रतीक्षालय अस्थायी आश्रय स्थल हुआ करता था, लेकिन वर्तमान स्थिति में यहां खड़ा होना भी मुश्किल हो गया है। चारों ओर फैले अतिक्रमण के कारण न केवल यात्रियों को असुविधा हो रही है, बल्कि क्षेत्र का माहौल भी अव्यवस्थित होता जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार यहां विवाद और गाली-गलौज जैसी घटनाएं भी सामने आती रहती हैं, जिससे असुरक्षा की भावना बनी रहती है।
स्थिति तब और गंभीर हो जाती है जब दोपहिया और चारपहिया वाहन चालक मनमाने ढंग से सड़क किनारे और प्रतीक्षालय के सामने वाहन खड़े कर देते हैं। परिणामस्वरूप खिलचीपुर चौराहे के आसपास आए दिन जाम की स्थिति बन जाती है। व्यस्त समय में राहगीरों, स्कूली बच्चों और मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। कई बार आपातकालीन वाहनों की आवाजाही भी प्रभावित होती देखी गई है।
गौरतलब है कि इसी मार्ग से जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी प्रतिदिन आवागमन करते हैं। इसके बावजूद समस्या जस की तस बनी हुई है। सवाल यह उठता है कि जब जिम्मेदारों की नजरों के सामने यह अव्यवस्था है, तो कार्रवाई क्यों नहीं?
स्थानीय नागरिकों ने मांग की है कि यात्री प्रतीक्षालय को तत्काल अतिक्रमण मुक्त कर व्यवस्थित पार्किंग की ठोस व्यवस्था की जाए, ताकि आमजन को राहत मिल सके और यातायात व्यवस्था सुचारु हो। अब देखना यह होगा कि प्रशासन कब तक इस गंभीर समस्या पर निर्णायक कदम उठाता है।

