राजगढ़ में भव्य भारत पर्व का आयोजन, दर्शक हुए भावविभोर, जनसंपर्क विभाग ने लगाई शासन की योजनाओं पर आधारित प्रदर्शनी

लखन गुर्जर, राजगढ़ में स्वराज संस्थान संचालनालय, संस्कृति विभाग और जनसंपर्क विभाग द्वारा आयोजित भारत पर्व ने स्थानीय जनता और सांस्कृतिक प्रेमियों को मंत्रमुग्ध कर दिया। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन से हुई, जिसमें अधिकारियों, गणमान्य नागरिकों और आमजन ने भाग लिया। इस अवसर पर पूरे परिसर में भव्य सजावट की गई थी, जिससे समारोह का माहौल और भी रंगीन और उत्साहपूर्ण बन गया।
कार्यक्रम में सबसे पहले भोपाल से आए नृत्य-नाट्य दल ने अपनी प्रस्तुति से सभी का मन मोह लिया। उनके प्रस्तुत किए गए पारंपरिक नृत्यों में सांस्कृतिक विविधता और भारतीय कलाओं का अनूठा मिश्रण देखने को मिला। इसके बाद ओडिशा की तमरिया कृष्तो नृत्य-नाट्य मंडली ने राधा–कृष्ण भक्ति पर आधारित नृत्य-नाट्य की प्रस्तुति दी। उनकी प्रस्तुति में भक्ति, भाव और संगीत का सुंदर संगम देखने को मिला। दर्शक भावविभोर हो उठे और लंबे समय तक तालियों की गड़गड़ाहट से अपनी प्रसन्नता व्यक्त करते रहे।
कार्यक्रम में देशभक्ति गीतों की प्रस्तुति ने सभी उपस्थित लोगों को रोमांचित कर दिया। इन गीतों के माध्यम से भारतीय संस्कृति, एकता और देशभक्ति की भावना को और गहरा किया गया। पूरे परिसर में देशभक्ति की ऊर्जा और उत्साह का अनुभव किया गया।
भारत पर्व का एक और महत्वपूर्ण आकर्षण था जनसंपर्क विभाग द्वारा लगाई गई प्रदर्शनी, जिसमें शासन की विभिन्न योजनाओं पर प्रकाश डाला गया। इस प्रदर्शनी के माध्यम से आमजन को योजनाओं के लाभ और उन्हें प्राप्त करने के तरीकों की जानकारी दी गई। प्रदर्शनी में रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक कल्याण से जुड़ी योजनाओं को प्रमुखता से रखा गया था। उपस्थित लोगों ने इस प्रदर्शनी को काफी सराहा और अधिकारियों से योजनाओं के बारे में सवाल पूछकर विस्तार से जानकारी प्राप्त की।
कार्यक्रम के अंत में कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा ने सभी कलाकारों और आयोजकों का सम्मान किया। उन्होंने कलाकारों को पुष्प और शॉल भेंट कर उनकी सराहना की। कलेक्टर ने कहा कि इस तरह के सांस्कृतिक आयोजनों से न केवल हमारी संस्कृति और परंपरा जीवित रहती है, बल्कि आमजन में सामाजिक और राष्ट्रीय चेतना भी बढ़ती है।
कार्यक्रम में अधिकारियों, शिक्षकों, छात्र-छात्राओं और आमजन ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। बच्चों और युवाओं ने नृत्य और संगीत की प्रस्तुतियों का उत्साहपूर्वक आनंद लिया। वहीं, बुजुर्ग नागरिकों ने अपनी यादों को ताजा करते हुए कार्यक्रम की सराहना की।
इस आयोजन ने यह संदेश दिया कि सांस्कृतिक आयोजनों के माध्यम से हमारी परंपराओं और शासन की योजनाओं का प्रसार किया जा सकता है। भारत पर्व ने न केवल लोगों को मनोरंजन और शिक्षा प्रदान किया, बल्कि देशभक्ति और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना को भी बढ़ाया। कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित सभी लोग प्रसन्नचित्त और उत्साहित दिखाई दिए।


