मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने ग्लोबल एआई इंपैक्ट सम्मेलन का लखनऊ में किया शुभारम्भ

लखनऊ :मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज लखनऊ में ग्लोबल एआई इंपैक्ट सम्मेलन 2026 के अंतर्गत उत्तर प्रदेश एआई एवं स्वास्थ्य नवाचार सम्मेलन का शुभारंभ किया। इस अवसर पर केंद्रीय वाणिज्य, उद्योग, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री जितिन प्रसाद भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि समावेशी विकास के लिए नीति को नवाचार से जोड़ना ज़रूरी है। उन्होंने कहा कि यूपी एआई मिशन के तहत लगभग 2000 करोड़ रुपये के कार्यक्रम अगले तीन वर्षों में लागू किए जाएंगे, जो प्रदेश को स्वास्थ्य सेवाओं में एआई के प्रयोग में देश में अग्रणी राज्य के रूप में स्थापित करेंगे।
पिछले 8 वर्ष में डबल इंजन सरकार के प्रयासों का परिणाम है। आज देश के 55 प्रतिशत मोबाइल फोन का मैन्युफैक्चरिंग का काम उत्तर प्रदेश कर रहा है। देश के अंदर इलेक्ट्रॉनिक्स कंपोनेंट का निर्माण 60 प्रतिशत अकेले उत्तर प्रदेश के अंदर हो रहा है। इसीलिए उत्तर प्रदेश सरकार ने तय किया है कि हम लोग यूपीआई मिशन जो लगभग हमारा 2,000 करोड़ का होगा, उसको हम अगले 3 वर्ष के अंदर फेज वाइज आगे बढ़ा करके आदरणीय प्रधानमंत्री जी के इस विजन को प्रभावी ढंग से जमीनी धरातल पर आगे बढ़ाने का काम करेंगे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केंद्रीय राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश तकनीक का केंद्र बन रहा है। उन्होंने कहा कि डिजिटाइजेशन और टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में उत्तर प्रदेश ग्रोथ इंजन साबित हो रहा है। श्री प्रसाद ने कहा कि ए.आई पेनेट्रेशन के मामले में भारत पहले स्थान पर पहुंच चुका है। भारत विश्व का सबसे बड़ा एएआई सेवा प्रदाता बनने के मार्ग पर आगे बढ़ रहा है जिसमें उत्तर प्रदेश की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।
इंपैक्ट समिट आने वाले समय में भारत की एआई नीति और एआई सर्विस जैसे इंटरनेट सर्विस प्रोवाइडर होते हैं, वैसे भारत एआई सर्विस प्रोवाइडर ऑफ द वर्ल्ड बनने वाला है और हमारे जो स्टार्टअप हैं, जो युवा हैं, उनके ऊपर यह जिम्मेदारी आएगी कि विश्व में भारत का डंका बजेगा और हम लोग वह कारगर साबित होंगे जो आज यह कार्य हो रहे हैं। उत्तर प्रदेश एक बहुत बड़ी भूमिका निभा रहा है।




