विराट कवि सम्मेलन: हास्य-व्यंग्य से गूंजा रामलीला मैदान, वीर रस की कविताओं ने भरा जोश

राजगढ जीरापुर। अखिल भारतीय साहित्य परिषद मध्य भारत प्रांत की तहसील इकाई जीरापुर के तत्वावधान में रविवार रात चोपड़ा बाजार स्थित रामलीला मैदान पर विराट कवि सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन में देश के ख्यातिप्राप्त कवि और कवयित्रियों ने गीत, गजल, हास्य-व्यंग्य, ओज और वीर रस की रचनाओं से श्रोताओं को देर रात तक बांधे रखा। कवियों की शानदार प्रस्तुतियों पर कभी ठहाके गूंजे तो कभी तालियों से मैदान गूंज उठा।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि विधायक हजारीलाल दांगी, भाजपा जिला अध्यक्ष ज्ञानसिंह गुर्जर, नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि पवन कुशवाह एवं अशोक त्रिपाठी मौजूद रहे। कवि सम्मेलन की शुरुआत भोपाल की कवयित्री रुपाली सक्सेना ने मां सरस्वती की वंदना के साथ की।
पचोर के कवि भगवानदास ने अपने हास्य-व्यंग्य से श्रोताओं को खूब गुदगुदाया। उनकी चर्चित रचना ‘एक भाई बीजेपी में, एक कांग्रेस में’ पर जमकर तालियां बजीं। वहीं तराना के प्रसिद्ध गीतकार भरत पांडेय ने सुरीले गीतों के माध्यम से पति-पत्नी के बीच होने वाली नोकझोंक और आपसी सामंजस्य को खूबसूरती से प्रस्तुत किया।
शिवपुरी के आशुतोष शर्मा ने वीर रस की कविताओं से श्रोताओं में जोश भरा। हडलायकला के राम मनावत ने कवि सम्मेलन का संचालन करते हुए हास्य-व्यंग्य से खूब ठहाके लगवाए। स्थानीय कवि कमल क्रांति ने भगवान श्रीराम पर काव्य पाठ किया, जबकि रामेश्वर दयाल तिवारी ने अयोध्या पर अपनी रचना प्रस्तुत कर श्रोताओं का मन मोह लिया। रामेश्वर दयाल तिवारी और कवयित्री रुपाली सक्सेना के बीच हुई हंसी-ठिठोली और नोकझोंक ने भी खूब मनोरंजन किया।
कवि सम्मेलन में राम अवतार शर्मा, गीतेश्वर बाबू, हरिसिंह परिहार एवं राजेश सत्यम ने भी अपनी रचनाओं की प्रस्तुति दी। देर रात तक चले इस आयोजन में बड़ी संख्या में साहित्य प्रेमियों ने काव्य रस का आनंद लिया।



